Ravi Raaz Success Story : बिहार के इस नेत्रहीन युवक ने UPSC में हासिल की 20वीं रैंक,  यूट्यूब पर खान सर के सुनते थे लेक्चर 

Ravi Raaz Success Story : संघ लोक सेवा आयोग की परीक्षा देश की सबसे कठिन परीक्षाओं में से एक है। हर साल लाखों उम्मीदवार इस परिक्षा में हिस्सा लेने दूसरे राज्यों से आते है। UPSC की परीक्षा को पास करने के लिए उम्मीदवार को दिन-रात कड़ी मेहनत करनी पड़ती है। एक आम इंसान को तैयारी करने में भहुत मेहनत लगती है। अगर कहीं व्यक्ति नेत्रहीन हो तो उसके लिए ओर भी ज्यादा परेशानी हो जाती है। आइये जानते है बिहार के एक ऐसे शख्स के बारे में...
 
Ravi Raaz Success Story : कहा जाता है कि मेहनत करने वालों की कभी हार नहीं होती। लक्ष्य सही हो तो हर मंजिल को आसानी से हासिल कर सकते है। आज हम आपको एक ऐसे शख्स के बारे में बता रहे है जिन्होंने अपनी कड़ी मेहनत और खान सर के लेक्चर सुनकर UPSC की परीक्षा को पास करके ऑल इंडिया 20वीं रैंक हासिल की। हम बात कर रहे है रवि राज(Ravi Raaz) की। 

परिवार और शुरुआती पढ़ाई

 रवि राज बिहार के नवादा जिले के अकबरपुर प्रखंड के महुली गांव के रहने वाले हैं। रवि के पिता श्री रंजन कुमार सिन्हा एक किसान है। उनकी माता श्रीमती विभा सिन्हा गृहिणी है। रविराज बचपन से ही दृष्टिहीन है।

दृष्टिहीन होने के बाद भी रवि ने पढ़ाई में कोई कमी नहीं रखी। दृष्टिहीन होने से उनकी माता ने रवि की बहुत सहायता की। रवि राज की माता उन्हें किताबें पढ़कर और नोट्स लिखकर उनकी आंखों की भूमिका निभाती थी।

 रवि राज ने अपनी शुरुआती पढ़ाई  नवादा के दयाल पब्लिक स्कूल से की। उसके बाद रवि राज ने 12वीं कक्षा नवादा के ही सत्येंद्र नारायण सिंह इंटर स्कूल की।

उसके बाद रवि ने सीताराम साहू कॉलेज (नवादा) से पॉलिटिकल साइंस (राजनीति विज्ञान) में स्नातक (Graduation) की डिग्री हासिल की। 

अंधेरे को चीरकर सफलता का सूरज

बचपन में एक बीमारी के कारण रवि के आंखों की रोशनी चली गई। जब रवि की आंखों की रोशनी गई तो उनके घर में ये किसी तूफान से कम नहीं था। रवि की जिंदगी अंधेरे से बचाने के लिए उनकी मांने ठान लिया कि वे अफने बेटे के हर सपनों को पूरा करेगी।

IAS बनने के सपने को पूरा करने के लिए उनकी मां ने उन्हें घंटों बैठकर मोटी-मोटी किताबें पढ़कर सुनाती थीं। उसी से वे अपनी हर परीक्षा को पार करते आए है। 

8-10 घंटे की मेहनत और डिजिटल सहारा

रवि राज हर रोज कम से कम घर पर ही 8 से 10 घंटे की पढ़ाई करते थे। आंखों की रोशनी न होने के बावजूद उन्होंने आधुनिक तकनीक का बखूबी इस्तेमाल किया।

UPSC की पढ़ाई के लिए रवि राज खान यूट्यूब पर ‘खान सर’ (Khan Sir) के लेक्चर सुनकर पढ़ाई करते थे। रवि राज ने साबित किया कि अगर कुछ सीखने की इच्छा हो तो शारीरिक अक्षमता कभी बाधा नहीं बन सकती। 

रवि राज ने दी कई परीक्षाएं 

साल 2024 में रवि राज ने बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC)की परीक्षा पास करके 69वीं रैंक हासिल की। उसके बाद उनका सेलेक्‍शन राजस्व अधिकारी के पद पर हुआ था।

रवि राज ने नौकरी नहीं ज्वाइन की। रवि राज का बचपन से सपना था कि वे IAS अधिकारी बने। IAS बनने के लिए रवि ने तीन बार UPSC की परीक्षा दी। लेकिन वे हर बार असफल रहे।

असफलता पाने के बाद भी रवि ने हार नहीं मानी और अपने चौथे प्रयास में परीक्षा पास करके 182वीं रैंक हासिल की। उसके बाद भी रवि ने 5वीं बार UPSC की परीक्षा दी और अपने 5वें प्रयास में रवि ने ऑल इंडिया 20वीं रैंक हासिल की।