Delhi News : इस राज्य में सरकार ने 4 लाख महिलाओं को बस में फ्री सफ़र का दिया कार्ड, देखें लिस्ट में अपना नाम

इस समय दिल्ली में महिलाओं को सरकार ने बड़ी सौग़ात देते हुए पिंक कार्ड जारी करने का फैसला लिया है। जिसमें बताया है कि 4 लाख महिलाओं को पिंक कार्ड जारी किया जाएगा। 
 
News Fast, New Delhi राजधानी दिल्ली में महिलाओं की नि:शुल्क बस यात्रा के लिए चाल लाख से अधिक पिंक कार्ड जारी हुए हैं। पहले पिंक कार्ड बनाने के लिए 50 केंद्र निर्धारित किए गए थे। अब इनकी संख्या बढ़ाकर 58 कर दी गई है।

इन केंद्रों पर प्रतिदिन 10 हजार निर्धारित की जगह अब लगभग 12,500 कार्ड बनाए जा रहे हैं। तीन मार्च से पिंक कार्ड बनाने की शुरुआत हुई थी। अभी पिंक कार्ड नहीं बनाने वाली महिलाओं को भी बस में नि:शुल्क यात्रा की सुविधा दी जा रही है। डीटीसी ने 31 मई तक दिल्ली की सभी महिलाओं के पिंक कार्ड बनाने का लक्ष्य रखा है।

घर बैठे रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया पूरी कर सकती हैं महिलाएं

दिल्ली में ‘सहेली पिंक कार्ड’ बनवाने की प्रक्रिया को सरल और तेज बनाने के लिए क्यूआर कोड आधारित डिजिटल ऑनबोर्डिंग की सुविधा शुरू की गई है। इस व्यवस्था के तहत महिलाएं अपने मोबाइल से क्यूआर कोड स्कैन कर घर बैठे रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया पूरी कर सकती हैं। इसमें सबसे पहले मोबाइल नंबर का ओटीपी वेरिफिकेशन किया जाता है, इसके बाद आधार ओटीपी के जरिए पहचान सत्यापित होती है।

लंबी लाइनों में लगने से मिलती है राहत

बताया कि पूरी प्रक्रिया डिजिटल होने से लंबी लाइनों में लगने व दस्तावेजों की बार-बार जांच जैसी दिक्कतों से राहत मिलती है। रजिस्ट्रेशन पूरा होने के बाद एक कन्फर्मेशन क्यूआर जनरेट होता है, जिसे नजदीकी पिंक कार्ड जारी करने वाले केंद्र पर दिखाकर आसानी से कार्ड प्राप्त किया जा सकता है।

दोबारा टिकट जनरेट करने पर रोक लगाई

इसके साथ ही कार्ड का दुरुपयोग रोकने के लिए एक ही बस में एक घंटे के भीतर एक ही कार्ड से दोबारा टिकट जनरेट करने पर रोक लगाई गई है। जबकि बसों में यात्रा के दौरान पास के उपयोग को लेकर महिलाओं में यह गलत-फहमी पनप रही है कि एक बार बस से उतरने के बाद उन्हें दूसरी बस में चढ़ने के लिए भी एक घंटे का इंतजार करना पड़ेगा।

दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) के उप महाप्रबंधक (पीआर) अमन देव छिकारा ने इस पर स्पष्ट किया कि यह धारणा पूरी तरह गलत है, उन्होंने कहा कि यदि कोई महिला एक बस से उतरकर तुरंत दूसरी बस में चढ़ती है, तो वह बिना किसी रुकावट के अपने पिंक कार्ड से टिकट जनरेट कर सकती है। उन्होंने कहा कि यह प्रतिबंध केवल एक ही बस में बार-बार कार्ड टैब करने पर लागू होता है।